सेब पर बेहतरीन 200+ शायरी apple par shayari in hindi

सेब पर बेहतरीन 200+ शायरी apple par shayari in hindi

seb par shayari, सेब पर शायरी, sev par shayari, एप्पल वाली शायरी, apple par shayari in hindi,

दोस्त, सेब को अंग्रेजी में apple कहते है और जैसा की आपको पता है कि यह एक फल है जो की खाने में मीठा होता है और शरीर के लिए उपयोगी होताता है। यह सेव मुख्य रुप से लाल रंग का होता है।

और आज के इस लेख में हम सेब पर शायरी पढने वाले है, जहां पर हम कई प्रकार से सेब की तुलना करेगे और हमारे जीवन के उन पलो के साथ सेब को जोडेगे जब हम उन्हे खाया करते थे।

इसलिए दोस्त सेब पर शायरियां काफी अच्छी ओर अनोखी होने वाली है, तो आइए इन शायरियों को पढना शुरु करे,

सेब पर बेहतरीन 200+ शायरी apple par shayari in hindi

सेब पर बेहतरीन 200+ शायरी apple par shayari in hindi

======================

चमकती हुई कारों मे भी

सेब की टोकरी रखी मिलती है।

जब आता है सिजन सेब का

तो आंखे खुशी से मिलती है।

======================

एक सेब रोज खाकर

वो बिमारी दूर कर गया।

ना पडे डॉक्टर की जरूरत

ऐसा स्वास्थ्य बनाकर चला गया।

======================

एक सेब खाकर अपने कडवेपन को त्याग दो

जो है दिल में मीठी वाणी से बहार ला दो।

======================

लाल सेब के पास

ताक्त की बोतल होती है।

तभी तो उसे खाकर

शरीर में बिजली दोडती है।

======================

शरीर की कमजोरी दूर करने के लिए

वो सेब बडे चाव से खाता है।

जब लगता है सेब बडा मीठा

फिर वो भरपेट खाता है।

======================

बचपन को वो दिन याद आते है

जब मां प्लेट में सेब काटकर खिलाती थी।

लगते थे वो सेब बडे मीठे मुझे

जब मां अपने हाथो से खिलाती थी।

======================

घर के सामने एक बगीचा होता था

जिस पर सेब का बसेरा होता था।

चढता था उस पेड के उपर

ओर फिर बडे चाव से सेब खाता था।

======================

सेब पर बेहतरीन 200+ शायरी apple par shayari in hindi

बचपन में जो मां ने सेब खिलाया था

आज उसी ने बीमारियों को दूर भगया था।

======================

दिन रात वो सेब खाता है

तभी तो पहलवान बन जाता है।

अरे लडता है वो हर मुश्किल से

इतना ताक्तवर बन जाता है।

======================

एक सेव खाकर वो

बहादूर बन गया।

लडकर वो बेल से

विजेता बन गया ।

======================

सेब जैसा तेरा चेहरा लगता है

जब होठो से तुम मुस्कुराती हो।

अरे लगती हो बडी प्यारी मुझे

जब माथे पर चंदन का टीका लगाती हो।

======================

उसका दिल भी बडा खुश होता होगा

जो रोज एक सेब खाता होगा ।

======================

बचपन में जिस सेब के लिए

लडते थे अपनो से

आज वही सेब पास पडे है

पर वो अपने पास नही है।

======================

वो मिट्टी में खेलना

आज भी याद आता है

जब लाते थे पिताजी सेव

तो चपके से खा जाना याद आता है।

======================

सेब पर बेहतरीन 200+ शायरी apple par shayari in hindi

सेब को देखकर चूपके से खाते थे

पता होता था पिताजी को

फिर भी कुछ न बोलते थे।

======================

खुदा के घर भी सेब का पेड होगा ।

तभी तो धरती पर सेब मिलता होगा ।

======================

लाल लाल सेब भी

इश्क की बातें करते है।

जब यह महब्बूबा के

पेट में होते है।

======================

तेरे गुलाबी होठ मुझे

लाल सेब लगते है।

खा जाउ इन्हे पल भर में

इतने मीठे लगते है।

======================

बालकनी में बैठकर वो

सेब खाया करती थी।

जब देखती थी मुझे सामने

लाल होठो से मुस्कुराया करती थी।

======================

एक सेब तुम रोज खाकर

सेहत अपनी बनाते हो।

न हो सको बिमार तुम

इसलिए सेब तुम खाते हो।

======================

सेब पर बेहतरीन 200+ शायरी apple par shayari in hindi

सेहत की हिफाजत को

लाल सेब करता है।

तभी तो यह बाजरों मे

इतना ज्यादा बिकता है।

======================

ताजा ताजा सेब खाने में

बडा मजा आता है।

तभी तो सेब का भर कर

ट्रोला बाजार में आता है।

======================

जो होता है सेब चाव से

वो कभी बिमार नही होता है।

अरे लगता है हर बिमारी से

इतना ताक्तवर वो होता है।

======================

बचपन में होड होड में

कई सेब खाते थे ।

जब लगती थी भुख

तो पेड से तोड खाते थे ।

======================

मेरे घर के सामने एक पेड होता था

जिस पर सेब का बसेरा होता था।

जब लगती थी भूख मेरे पेट को

चढता पेड पर ओर सेब तोड खाता था।

======================

हर एक डाली पर

कई सेब लगते है।

जब आती है तेज आंधी

तो सेब जमीन पर गिरने  लगते है।

======================

सेब से ज्यादा लाल तेरे होठ लगते है।

तभी तो मेरे अपने लगते है।

======================

कौनसी क्रिम तुम लगाती हो

जो इतनी सुंदर बन जाती हो।

अरे पड जाता है सेब भी फिका

जब सामने उसके तुम आ जाती हो।

======================

आज वो जमान आ गया है

जब एक सेब 100 रुपय का बिक गया है।

अरे होता है सेब पर गणेश जी का चेहरा

तभी तो यह इतना महंगा ​हो गया है।

======================

सेब पर बेहतरीन 200+ शायरी apple par shayari in hindi

सेब खाने में बडे मीठे लगते है

तभी तो ईश्वर धरती पर आते है।

तोडते है एक सेब को हाथ से

ओर फिर बडे चाव से खाते है।

======================

आंखो में वो काजल लगाती है

ओर राज एक सेब खाती है।

जब आती है पास मिलने

चुमकर मेरे गाल चली जाती है।

======================

दूकान के सेब में

वो स्वाद नही आता है।

जो स्वाद पेड से तोडकर

सेब खाने में आता है ।

======================

एक सेब खाने के लिए

कई बार जिद्दी करनी पडती थी।

तब जाकर एक सेब की

फांक मुझे मिलती थी।

======================

जो बचपन में सेब खाया था

उसने आज अपना रंग दिखाया था।

जब हुआ बीमार मैं

तो तुरन्त ठीक मुझे कर दिया था।

======================

सेब पर बेहतरीन 200+ शायरी apple par shayari in hindi

जब पड गया बिस्तर पर मैं

तो एक सेब रोज खाने लगा।

काटता उस सेब को प्यार से

फिर गले में उतारने लगा।

======================

जब होता था मैं बच्चा

एक सेब के लिए तरसता था।

लाता था एक सेब बडी मुश्किल से

पर उसे भी कोई चुरा लेता था।

======================

सेब खाने के लिए

एक एक रुपया इकट्ठा कारने लगा था।

जब गया बाजार में सेब लेने

इतने में सिजन जा चुका था।

======================

एक एक सेब बेचकर मैंने

एक एप्पल लिया है।

फिर भी लोगो ने मुझे

मुर्ख कह दिया है।

======================

अगर सस्ता सेब मिल जाए

तो लोग छिलका उतार कर खाते है।

जब मिलता है महंगा सेब

उसे छिलके के साथ खा जाते है।

======================

सेब की किमत तो आसमान छू लेती है।

तभी तो गरीबी देखकर पेट भर लेती है।

======================

किमती बनकर सेब ने

गरीबों को लूटा है।

देकर स्वास्थ्य का बहाना

बाजारों मे खुब बिका है।

======================

सेब खा खाकर वो

इश्क का रोग दूर कर रहा है।

जिसरे छिपाया था दिल में

उसे रो कर निकाल रहा है।

======================

बाजार में जब जाते हो तुम

एक सेब खरीदकर खाया करो।

बन जाओ तुम भी दिल के अमीर

ओर दूसरों को गले लगाया करो।

======================

सेब पर बेहतरीन 200+ शायरी apple par shayari in hindi

साल मे जब भी यह आता है

सेब सबे गले में उतर जाता है।

अरे लगता है यह बडा ​मीठा

तभी तो दिल में राज कर जाता है।

======================

बाजार से सेब खरीदकर जब तुम चलो

सिना अपना तान लिया करो ।

अरे है यह अमीरों का फल

इसे अपने गले में भी उतार लिया करो ।

======================

आलू खरीदकर वो इसकदर इतराते है

जैसे सेब खरीदकर दिखाते है।

======================

लाल लाल सेब खाकर

वो गुलाब सी महकने लगी।

जब​ बैठ गया पास मैं उसके

सेब को पीछे छिपाने लगी।

======================

अकेला बैठकर सेब खा रहा हूं

मुझे भी किसी का साथ चाहिए ।

जो खडी होती है बालकनी में

उसके गुलाबी गाल पास चाहिए ।

======================

सेब खाने के बडे फायदे होते है

तभी तो सेब अमीरों के होते है।

======================

चंद पैसो मे जो बिक जाए

वो आलू नही हूं मैं ।

रहता हूं अमीरों के घर

ऐसा लाल सेब हूं मैं।

======================

अपने गलों पर तुम ऐसा क्या लगाती हो ।

जो सेब की तरह लाल बन जाती हो।

======================

जब सेब का सिजन चला गया

तब सेब खरीदने तुम आए हो ।

अरे कैसे मुर्ख हो तुम

साथ दस का नोट लाए हो।

======================

बिकता है जो दुकानो में

वो एप्पल बडा महंगा होता है।

लगते है उसके लाखो रुपय

तभी तो वो इतना खास होता है।

======================

सेब पर बेहतरीन 200+ शायरी apple par shayari in hindi

जेब अपनी सेब से भरकर

वो इतराकर चलता है।

जब देखता है कोई उसे

आंखे दिखाकर चलता है ।

======================

हाथों मे जब सेब होता है

दिल भी बडा खुश होता है।

अरे आता है मजा बडा

जब दांतो निचे सेब जाता है।

======================

उम्र भी फिकी पड जाती है

जब सेव की चुसकी मिल जाती है।

======================

कंधे को पैर से जोडकर

वो लंबा होता चला गया।

तोड तोडकर सेव की

कटोरी वो भरता चला गया।

======================

जब तुम मुंह अपना फुलाती हो

फूला हुआ गुब्बारा लगती हो।

जब करती हो होठ अपने लाल

कश्मीर का सेब लगती हो।

======================

दुध पर आने वाली मलाई लगती हो

जब गुलाबी गाल तुम करती हो।

अरे लगती हो तुम कश्मीर का मीठा सेव

जब होठो पर लाली लगाती हो।

======================

बचपन में सेब खाने का

बडा मन होता था।

शायद तभी तो

अपनो का साथ होता था।

======================

वो दिन भी बडे याद आते है

जब अपनो के साथ झगडा करते थे ।

मिलता था स्कूल में एक सेब

तो फिर उस पर टूट पडते थे।

======================

एक सेब के लिए

भाई बहनों मे झगडा होता था।

वो बचपन भी यारो

बडा तगडा होता था।

======================

सेब पर बेहतरीन 200+ शायरी apple par shayari in hindi

जब लाते थे कैरी सब्जी बनाने के लिए

सेब समझकर खाने का मन करता था।

जब लगती थी वो खट्टी मुझे

तो फिर अजीब सा मुंह बनाता था।

======================

गुल्लेल के एक वार से

सेब कई गिर गए ।

देखकर मेरे दोस्त

तुरन्त हंस गए ।

======================

नीले आसमान के निचे

लाल रंग का अमृत लटकता है।

जब खाते है इंसान इसे

तो यह सेब कहलाता है।

======================

एक सेब ऐसा भी होता है

जो दुकानों मे बंद रहता है।

खरीदने के लिए उसके

लाखो रुपय देना पडता है।

======================

वो जिंदगी भी बडी मस्त थी

जिसमें किसी बात की न टैंसन थी।

खाते थे दिन भर सेब हम

ओर चेहरे पर प्यारी सी हंसी थी।

======================

पेड से तोकर सेब हम दिन रात खाते थे।

जब आता था माली पकडे हमे

तो सिर पर चप्पल रखकर भाग जाते थे ।

======================

लाल रंग के मीठे सेब

हर डाली पर लटके है।

देखकर नन्हे बच्चो का

दिल उनमें अटके है।

======================

देखा चारो ओर फिर पेड पर चढ गए

तोडा सेब का गुच्छा ओर फिर उतर गए।

इतने में माली ने देख लिया

ओर ​हम तुरन्त पकडे गए।

======================

बागो की वो मस्ती के दिन

आज भी याद आते है।

किस तरह से चुराते थे सेब

वो पल आज हंसाते है।

======================

जिसे समझा था सेब मैंने

वो कच्ची कैरी निकली।

खा गया बिना देखे

फिर मुंह से उलटी निकली।

======================

एक सेब रोज का

बिमारी कई दूर करता है।

जो खाता है बचपन से

वो फिर बिमार नही होता है।

सेब पर बेहतरीन 200+ शायरी apple par shayari in hindi

======================

आंखो मे

अजीब सा नशा छाया है

जिसे समझा था सेब मैंने

वो आम निकल आया है।

======================

लाल दुपट्टे में वो

सेब हाथ में लेकर आती है।

काटती है प्यार से

ओर फिर मुझे खिला जाती है।

======================

वो दिन भी बडे याद आते है

जब मां अपने हाथों से सेब खिलाती थी।

जब नही भरता था पेट मेरा

तो फिर एक सेब ओर निकल ले आती थी।

======================

सेब तो अमीरों का फल है

तभी तो गरीब इसे खाता नही है।

जो खाता है सेब रोज

वो फिर अमीर होता नही है।

======================

जिसकी जेब में पैसा हो

वो सेब दिन के कई खाता है ।

अरे लगते है यह उसे ही मीठे

जो काटकर चाव से खाता है।

======================

मामा जी जब घर आते है

सेब की टोकरी भरकर लाते है।

खाते है हम सेब बडे चाव से

तब जाकर मामा पैसे दे जाते है।

======================

एक सेब खिलाकर वो

प्यार से गाल चुमकर चली गई।

जो रहती थी मेरे दिलों मे

आज दिल को हिलाकर चली गई।

======================

जब हाथ में हो पैसो की गड्डी

तो इतराकर चलने में मजा आता है।

ले लेते है सेब की टोकरी

फिर खाने मे मजा आता है।

======================

होठो को लाल करकर

वो गालो को चुमकर चली गई ।

देकर हाथ में एक सेब

वो मुस्कुराकर चली गई।

======================

जो नही आता था स्कूल कई दिनो से

वो टोकरी सेब की भरकर लाता है।

न कह सके अध्यापक उसे कुछ

इसलिए चुन चुनकर सेब लाता है।

======================

काली काली आंखो से

वो घायल दिल को करती है।

खा कर वो लाल सेब

होठो को लाल कर लेती है।

सेब पर बेहतरीन 200+ शायरी apple par shayari in hindi

======================

ईश्वर को भी खुशी होती है।

जब सेब से भरी टोकरी

गरीबों मे बाटी जाती है।

======================

सेब खाने का मन

उसका भी करता होगा

तभी तो सेब देखकर

जेब में हाथ देता होगा।

======================

जब सेब को काटा जाता है

तो चाकू भी बडा खुश होता है।

वो बच्चे भी बडे खुश हो जाते है

जिनको सेब फ्रि मे मिल जाते है।

======================

अमीर की थाली में

सेब भी सजकर टोकरी में बिकता है।

जब आता है गरीब

तो सेब भी थेली में मिलता है।

======================

जो मिलते है टोकरी में सेब

वो अमीर ही खरीदते है।

अरे नही होता है गरीबो के पास पैसा

तो वो सेब क्या खास लेते है।

======================

तो यह शायरिया सेब पर है जो की आपको पसंद आई होगी,

kacche aam par shayari , कच्चे आम पर 189+ शायरी

पेड़ काटने पर 198+ शायरी, ped katne par shayari (पेड के दर्द का अहसास)

177+ सूखे पेड़ पर शायरी sukhe hue ped par shayari (सूखे पेड का दर्द)

205+ आम के पेड़ पर शायरी (Shayari on Mango Tree In Hindi)

184+ बरगद के पेड़ पर शायरी Bargad Shayari In Hindi

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *